
चंद्रिका बिश्नोई महज 14 साल की उम्र में साहित्य जगत में कदम रख चुकी हैं। राजस्थान के जालोर जिले के सांचोर की रहने वाली हैं और बचपन से ही बच्चों का शौक है। खास बात यह है कि चंद्रिका ने 12 साल की उम्र में ही किताब लिखना शुरू कर दिया था और अब उनका प्रकाशन हो गया है।
यह उनकी प्रतिभा और मेहनत का परिणाम है। इस पुस्तक में चंद्रिका ने अपने मॉडल के माध्यम से युवाओं को प्रेरणा देने का प्रयास किया है। क्राउन पब्लिशिंग द्वारा प्रकाशित और यह अमेज़ॅन, फ्लिपकार्ट, गूगल बुक्स, प्ले स्टोर पर उपलब्ध है। चंद्रिका बिश्नोई की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे बिश्नोई समाज और राजस्थान के लिए गर्व की बात है।




